यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ के राह पर चले तो अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप

यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ के राह पर चले तो अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप

लखनऊ: नस्लभेद के विरूद्ध अमेरिका (America) में हुए हिंसक विरोध प्रदर्शन को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (President Donald Trump) ने प्रदर्शनकारियों से निपटने के लिए उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) का फ़ॉर्मूला अपनाया है। राष्ट्रपति ट्रंप ने उत्पात करने वालों की फोटो ट्वीट कर उनके बारे में लोगों से जानकारी मांगी है। ट्रंप ने प्रदर्शनकारियों की फोटो सार्वजानिक तौर पर शेयर कर सख्त कार्रवाई की बात कही है। दरअसल, सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में प्रदेश भर में हुई हिंसक झड़पों और सार्वजानिक संपत्तियों को नुकसान पहुंचाने वाले प्रदर्शनकारियों को चिन्हित कर उनकी फोटोज़ सार्वजानिक स्थल पर लगाई थीं।
दरअसल, अमेरिका में अश्वेत जॉर्ज फ्लायड की मृत्यु के बाद हिंसा भड़क उठी थी। प्रदर्शनकारियों ने हिंसक प्रदर्शन के दौरान करोड़ों रुपयों की व्यक्तिगत व सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाया। हालांकि, अब हिंसक प्रदर्शन शांत है, लेकिन आरोपियों की पहचान के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति ने अपने ऑफिसियल ट्विटर हैंडल से फोटोज़ ट्वीट कर उनके विरूद्ध जानकारी मांगी है।

बताते चलें कि उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में 19 दिसंबर को नागरिकता कानून के विरूद्ध हिंसक प्रदर्शन हुए थे। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने लखनऊ में सरकारी संस्थाओं को नुकसान पहुंचाया था। इसके बाद जिला प्रशासन ने सीएए विरोधी प्रदर्शनकारियों की पहचान व उनसे रिकवरी के लिए शहर में पोस्टर लगाए थे। इस हिंसा में व्यक्तिगत व सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों में ट्रांस गोमती के 13, हजरतगंज 24 व पुराने लखनऊ के 16 प्रदर्शनकारियों के पोस्टर लगाए गए। हजरतगंज चौराहे समेत शहर के 12 से ज्यादा इलाकों में प्रदर्शनकारियों के पोस्ट लगाए गए। हालांकि, यह मुद्दा न्यायालय भी पहुंचा, जिसके बाद उच्च न्यायालय ने पोस्टर हटाने के आदेश दिए। जिसके विरूद्ध योगी सरकार उच्चतम न्यायालय पहुंची। बाद में सरकार ने अध्यादेश के माध्यम से कानून में संशोधन करते हुए प्रदर्शनकारियों के पोस्टर लगाने का प्रावधान भी कर दिया।