भारतीय प्रीमियर लीग का 13वां सीजन (IPL-13) संयुक्त अरब अमीरात में 26 सितंबर से लेकर 10 नवंबर के बीच खेला जाएगा

भारतीय प्रीमियर लीग का 13वां सीजन (IPL-13) संयुक्त अरब अमीरात में 26 सितंबर से लेकर 10 नवंबर के बीच खेला जाएगा

नई दिल्ली : कोरोना वायरस (Coronavirus) के कारण दो बार स्थगित होने के बाद अब यह तय हो गया है कि भारतीय प्रीमियर लीग का 13वां सीजन (IPL-13) संयुक्त अरब अमीरात में 26 सितंबर से लेकर 10 नवंबर के बीच खेला जाएगा. देश से बाहर आईपीएल 2020 (IPL 2020) होने से यह माना जा रहा था कि इसके ब्रांड वल्यू पर प्रभाव पड़ सकता है. यह विज्ञापनदाताओं को प्रभावित कर सकता है, लेकिन मुंबई स्थित मार्केटिंग व कम्युनिकेशन एजेंसी मोगे मीडिया के अध्यक्ष, संदीप गोयल का मानना है कि आयोजन स्थल में परिवर्तन से बहुत कम फर्क पड़ेगा. उनके अनुसार, इस बार आईपीएल का प्रोग्राम टेलीविजन के लिए बनाया गया है. इसलिए कहां आयोजित किया जा रहा है, इससे फर्क नहीं पड़ता. विज्ञापनदाताओं पर इसका असर शून्य होगा. उन्हें इस बात से कोई फर्क नहीं पड़ता कि मैच दिल्ली में हो रहा है या दुबई में?

दिवाली के अच्छा पहले होने का भी मिलेगा फायदा

गोयल का मानना है कि आईपीएल के आधिकारिक ब्रॉडकास्टर स्टार (IPL Official broadcaster star India) के लिए यह अच्छा ही है कि यह दीपावली (Diwali) से अच्छा पहले हो रहा है. इसलिए इसकी मांग अच्छी रहनी चाहिए. यही कारण है कि ब्रॉडकास्टर को उम्मीद है कि पिछले वर्ष की तरह ही इस वर्ष भी राजस्व में बढ़ोतरी होगी. पिछले वर्ष स्टार इंडिया को एडवरटाईजमेंट से करीब 2,000-2,200 करोड़ रुपए मिले थे, जबकि हॉटस्टार पर एडवरटाईजमेंट से लगभग 600 करोड़ रुपये की कमाई हुई थी. इस बार बढ़कर 3,000 करोड़ रुपए तक जाने की उम्मीद है.

पिछले वर्ष 15 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी हुई थी

मनी कंट्रोल में छपी समाचार के अनुसार, आईपीएल टीम स्पॉन्सरशिप 2019 में पिछले वर्ष 15 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई थी. ब्रॉडकास्ट ऑडियंस रिसर्च काउंसिल (BARC) के आंकड़ों के अनुसार आईपीएल 2019 (IPL 2019) के दौरान 246 ब्रांडों ने एडवरटाईजमेंट दिया था. इसके अलावा, आईपीएल मैचों के लाइव प्रसारण व मैच हाइलाइट्स के दौरान 158 ब्रांडों का एडवरटाईजमेंट किया गया. गोयल को लगता है कि मोबाइल, एडटेक, शराब, दोपहिया वाहन व कार कंपनियां इस वर्ष एडवरटाईजमेंट पर ज्यादा खर्च करने वाली होंगी. इसके अतिरिक्त स्वास्थ्य सेवाएं भी इसमें जुड़ जाएंगी.

दिवाली का मिलेगा फायदा

कई विशेषज्ञों का मानना है कि इस बार आईपीएल दीपावली के समय में खेला जाएगा, यह समय ब्रांडों को फिर से अपनी बिक्री बढ़ाने के लिए अच्छा मौका है. इसके साथ ही मार्केट के जानकारों का मानना है कि दीपावली के आसपास अर्थव्यवस्था में भी सुधार आएगा. उन्हें लगता है कि आईपीएल मूड बदलने का कार्य करेगा, क्योंकि हम मुश्किल दौर से गुजरे हैं. आईपीएल पहली बार दीपावली के आसपास आ रहा है. इससे सोचने की दिशा बदलेगी.

ब्रांडों के लिए अनदेखी करना कठिन होगा

पूरे वर्ष का 40-45 फीसदी एडवरटाईजमेंट गणपति उत्सव से लेकर नए वर्ष के बीच होता है. इस दौरान आईपीएल मूड बदलने वाला होगा. डेंटसु एजिस नेटवर्क के सीईओ व एपीएसी चेयरमैन आशीष भसीन ने बोला कि उनके पास ऐसे क्लाइंट हैं, जो आईपीएल के दौरान बड़े विज्ञापनदाता व नियमित विज्ञापनदाता हैं. उन्होंने बोला कि भारतीय एडवरटाईजमेंट मार्केट सेंटिमेंटस से जुड़ा है. वैसे यह सेंटिमेंट्स नीचे है, लेकिन शायद एकमात्र आईपीएल में ही ऐसा गुण है, जिसमें सेंटिमेंट्स को ऊंचा करने की क्षमता है. इसलिए यह दीपावली जैसे त्योहार के साथ खेल का सबसे बड़ा त्योहार है. ब्रांडों के लिए इसकी अनदेखी करना कठिन होगा.

नई स्थान पर होने से यह होगा नुकसान

ऐसा भी नहीं है कि आईपीएल के आयोजन की स्थान बदलने से कोई नुकसान नहीं होगा. इससे ग्राउंड स्पांसरशिप के मुद्दे में फ्रेंचाइजी गेट मनी खो देंगे. गोयल ने बोला कि ग्राउंड स्पॉन्सरशिप अच्छी बनी रहनी चाहिए, क्योंकि वास्तव में इनका वैल्यू टीवी एक्सपोजर से तय होता है, लेकिन फ्रेंचाइजी को गेट मनी व ग्राउंड स्पॉन्सरशिप पर कुछ नहीं मिल पाएगा. हालांकि वह साथ में यह भी कहते हैं कि उन्हें यकीन है कि इसके लिए फ्रेंचाइजियों को कुछ मुआवजा मिल सकता है. इस पर भी कार्य किया जाना चाहिए. बता दें कि जब टिकट राजस्व की बात आती है, तो 80 फीसदी टिकट आईपीएल फ्रेंचाइजी की ओर से अपने घरेलू खेलों के लिए बेचे जाते हैं. टिकट बिक्री से एक मैच से करीब 3-5 करोड़ रुपए आते हैं या कुल मिलाकर तकरीबन 300 करोड़ रुपए. भसीन के अनुसार, ग्राउंड स्पॉन्सरशिप को टीवी के नजरिये से प्रभावित नहीं किया जा सकता है. स्टेडियमों के पास प्रमोशन वाली जमीनी गतिविधियां से वह प्रभावित होती है. जैसे मैच के दौरान क्लब, रेस्तरां व आईपीएल नाइट जैसी गतिविधियों की एक समानांतर धारा बनती है व यह सब वहीं होता है जहां मैच खेले जा रहे होते हैं, इस बार इस तरह की तमाम गतिविधियों के बंद रहने की उम्मीद है.