यूपी में तेज होगी नगर निकायों कोआत्मनिर्भर बनाने की कवायद

यूपी में तेज होगी नगर निकायों कोआत्मनिर्भर बनाने की कवायद

प्रदेश गवर्नमेंट नगर निकायों को वित्तीय रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए ठोस कोशिश कर रही है. घाटे में चल रहे नगर निकायों, नगर निगमों, ग्राम पंचायतों को मजबूत करने के लिए हाउस टैक्स, वॉटर टैक्स जैसे अन्य करों की 100 फीसदी वसूली की जा रही है. केन्द्र और राज्य गवर्नमेंट की योजनाओं के माध्यम से भी नगर निकायों को सक्षम और आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के कोशिश किये जा रहे हैं. नगर निकायों के मजबूत होने से शहरों की साफ-सफाई से लेकर लोगों को दी जाने वाली मूलभूत सुविधाएं उनको सरलता से सुनिश्चित की जा सकेगी. टीम-9 के ऑफिसरों के साथ बैठक में सीएम योगी आदित्यनाथ ने बरसात को देखते हुए भी कठोर निर्देश दिये हैं.

नगर निकायों, नगर निगमों, नगर पंचायतों में बरसात प्रारम्भ होने से पहले नालों की सफाई करा लेने के लिए बोला है. उन्होंने कठोरता से बोला है कि कहीं भी जलभराव की परेशानी न हो. मुख्यमंत्री योगी ने ऑफिसरों से अमृत योजना के अनुसार अब तक हुए कार्यों की गहनता से समीक्षा करने और शहरों को स्वच्छ करने के साथ-साथ सुंदर बनाने का भी कोशिश करने के लिए बोला है. उन्होंने ऑफिसरों से बोला है कि जनसहभागिता, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संस्थाओं के योगदान से चौराहों का सुंदरीकरण कराया जा सकता है. ऊर्जा संरक्षण पर ध्यान देने और यह भी सुनिश्चित करा लेने के निर्देश दिये हैं कि स्ट्रीट लाइट समय से ऑन हों और समय से बंद कर दी जाएं


कम हुई सीएनजी लगवाने वाले वाहनों की संख्या 

कम हुई सीएनजी लगवाने वाले वाहनों की संख्या 

आगरा में सीएनजी के मूल्य छह माह के भीतर 72 रुपये से बढ़कर 91.96 रुपये प्रति किलो हो गए हैं. यह डीजल से भी महंगी पड़ रही है. ऐसे में ताज ट्रेपेजियम जोन आगरा में वाहनों को सीएनजी में परिवर्तित कराने वाले 50 प्रतिशत कम हो गए हैं. शहर के आधा दर्जन अधिकृत सेंटरों से लगवाई जाने वाली सीएनजी किट अब आधी ही रह गई है. 

सीएनजी की महंगाई ने प्रदूषण रहित ईंधन वाहनों की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिए हैं. जनवरी में सीएनजी के मूल्य 63.75 प्रति किलो थे. फरवरी में बढ़कर 72 रुपये प्रति किलो हो गए. इसके बाद से सीएनजी के मूल्य लगातार बढ़ रहे हैं. 

सीएनजी किट सेंटरों के मालिकों के मुताबिक, पहले जहां शहर के आधा दर्जन अधिकृत सेंटरों पर प्रतिमाह 500 वाहनों में सीएनजी किट लगवाई जा रही थीं, अब यह करीब 200 ही रह गई हैं. 12, 14 और 19 किलोग्राम की सीएनजी किट के दामों में मांग में कमी आने से मूल्य भी कम हुए हैं. पहले 14 किलो की किट 45 हजार रुपये में तक में लगाई जा रही थी, अब यह मूल्य 40 हजार रुपये प्रति किट हो गई है. 

संख्या आधी भी नहीं रही

ट्रांसपोर्ट नगर स्थित किटफिट सीएनजी सेंटर के प्रोपराइटर सचिन अग्रवाल ने बोला कि सीएनजी किट लगवाने वालों की संख्या आधी भी नहीं बची है. अब निजी वाहनों में बहुत कम लोग ही सीएनजी किट लगवा रहे हैं. इसके पीछे बीएस-6 किट को आरटीओ की अनुमति नहीं मिलना, दूसरे जिलों से यहां अधिक महंगी गैस, डीजल का गैस से सस्ता होने जैसे कारण हैं. 

दूसरे जिलों से महंगी है सीएनजी

लखनऊ में सीएनजी 87.80 प्रति किलो, उन्नाव में 87.80 अयोध्या में 88 रुपये प्रति किलो है. इसी तरह गाजियाबाद, नोएडा और दिल्ली में भी सीएनजी की कीमतें कम हैं. 

कंपनी ने भी प्राइवेट किट कम कीं

पहले कंपनियां वाहनों में सीएनजी किट लगवाकर नहीं देती थीं, लेकिन अब मारुति, हुंडई और टाटा की कई वर्जन की गाड़ियों में सीएनजी किट लगाकर दी जा रही हैं. आरटीओ से भी बीएस-6 किट लगीं गाड़ियों को सरलता से अनुमति मिल जा रही है. ऐसे में व्यावसायिक वाहनों को खरीदने वाले कंपनी फिटेड किट ही पसंद कर रहे हैं. 

बीएस-6 वाहनों को स्वीकृति नहीं

जिले में पांच हजार से अधिक वाहनों में सीएनजी किट लगी हुई है मगर आरटीओ से अनुमति नहीं मिल रही है. आरटीओ प्रशासन पीके सिंह का बोलना है कि कंपनी फिटेड को ही स्वीकृति दी जा रही है. 

पंजीकरण और बदलाव में आई कमी: एआरटीओ

एआरटीओ (प्रशासन) एके सिंह ने बोला कि सीएनजी वाहनों के पंजीकरण और बदलाव में छह माह में कमी आई है. पहले यह संख्या प्रतिमाह 500 से 600 तक हो जाती थी, लेकिन इनमें गिरावट आई है.