सोनिया गांधी और केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी के बीच संसद में हुई नोकझोंक

सोनिया गांधी और केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी के बीच संसद में हुई नोकझोंक

और केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी के बीच संसद में हुई नोकझोंक ने कांग्रेसियों को गुस्साए कर दिया है. अमेठी की सड़कों पर शुक्रवार को यह आक्रोश दिखाई दिया. कांग्रेस पार्टी कार्यकर्ताओं का हुजूम स्मृति ईरानी के विरूद्ध प्रदर्शन करने उतरा तो पुलिस से नोकझोंक हुई. इस दौरान बल प्रयोग में कई कांग्रेसियों को चोटें लगीं. पुलिस ने बड़ी संख्या में कांग्रेसियों को हिरासत में भी लिया है. 

अमेठी कांग्रेस पार्टी के प्रवक्ता डाक्टर अरविंद चतुर्वेदी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस पार्टी कार्यकर्ता शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे थे, लेकिन पुलिस ने तानाशाहीपूर्ण रवैया अपनाते हुए पूर्व विधान परिषद सदस्य दीपक सिंह और पार्टी के जिला अध्यक्ष प्रदीप सिंघल सहित सैकड़ों कार्यकर्ताओं को जबरन हिरासत में ले लिया.

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के मुताबिक, कांग्रेस पार्टी कार्यकर्ता सुबह से ही अमेठी जिला मुख्यालय पर एकत्रित होने लगे और पार्टी कार्यालय में सभा के बाद गौरीगंज-जगदीशपुर मार्ग पर यातायात बाधित करते हुए स्मृति ईरानी के इस्तीफे की मांग करने लगे.

उन्होंने बताया कि यातायात को अवरुद्ध देख प्रशासन ने मान-मनौवल का कोशिश किया और कामयाबी न मिलने पर दीपक सिंह सहित अनेक कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेकर तीन बसों से पुलिस लाइन भेज दिया. पुलिस अधीक्षक (अमेठी) इलामारन ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि कांग्रेस पार्टी कार्यकर्ताओं ने गौरीगंज-जगदीशपुर मार्ग पर यातायात बाधित कर दिया, जिससे लंबा जाम लग गया. 

उन्होंने बोला कि लोगों को आने-जाने में हो रही भारी कठिनाई को देखते हुए पुलिस ने विवश होकर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए कांग्रेस पार्टी कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया. कांग्रेस पार्टी का आरोप है कि लोकसभा में बृहस्पतिवार को स्मृति ईरानी समेत बीजेपी के कई सांसदों एवं मंत्रियों ने सोनिया गांधी के साथ अमर्यादित और अपमानजनक व्यवहार किया तथा ऐसी स्थिति पैदा कर दी कि उन्हें (सोनिया को) चोट भी लग सकती थी.