IPL चीयरलीडर्स के साथ होता है ऐसा सुलूक

IPL चीयरलीडर्स के साथ होता है ऐसा सुलूक

नयी दिल्ली: क्रिकेट के तीनों फॉर्मेट में सबसे छोटा प्रारूप है टी-20, व आईपीएल टी-20 क्रिकेट सबसे बड़ा टूर्नामेंट है। हालांकि ये सबसे छोटा फॉर्मेट है मगर इसकी लोकप्रियता सबसे ज्यादा है। हर वर्ष फैंस में आईपीएल को लेकर एक्साइटमेंट दोगुनी हो जाती है। वहीं आईपीएल के दौरान कई टकराव भी हुए हैं, कभी चीयरलीडर्स के साथ छेड़छाड़ तो कभी मैच फिक्सिंग, आईपीएल का विवादों से पुराना नाता रहा है। ऐसे में आज हम आपको चीयरलीडर्स के द्वारा किए गए 5 खुलासों के बारे में बताने जा रहे हैं जो उन्होंने आईपीएल को लेकर किए हैं।

1. बॉलीवुड कनेक्शन
कम ही लोगों को पता हैं कि कई चीयरलीडर्स फिल्मों में भी कार्य कर चुकी हैं। खबरों की मानें तो जो कंपनी आईपीएल में चीयरलीडर्स देती है वही फिल्म इंडस्ट्री में भी डांस ट्रूप्स ऑर्गेनाइज करवाती है, जिसकी वजह से चीयरलीडर्स को फिल्मों में कार्य करने का मौका मिल जाता है।

2. पार्टियों में होती है बदसलूकी
आईपीएल के मैचों के बाद क्रिकेटर्स को रिलेक्स करने के लिए देर रात तक पार्टीज होती हैं, जहां चीयरलीडर्स भी होती हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार एक चीयरलीडर ने बताया था कि एक आईपीएल पार्टी में ऑस्ट्रेलिया व साउथ अफ्रीका के कुछ क्रिकेटर्स ने उनके साथ नशे में बदतमीजी की थी। उन्होंने ये भी बताया था कि इन्हीं पार्टियों में खिलाड़ी मैच फिक्सिंग की बातें भी करते हैं।

3. बेकार होटल
कई चीयरलीडर्स बता चुकी हैं कि उनके रुकने के लिए वन स्टार होटल ही बुक किए जाते हैं, जहां रहने में बहुत सी परेशानियों का सामना करना पड़ता है, क्योंकि वहां के कमरे बहुत ज्यादा गंदे होते हैं।

3. शोषण
कई आईपीएल चीयरलीडर्स इस बात का खुलासा कर चुकी हैं कि आयोजक उन्हें बहुत ही अजीब से कपड़े पहनने के लिए कहते हैं, जो अच्छा से डिजाइन भी नहीं किए जाते। इन कपड़ों में चीयरलीडर्स खुद को सहज महसूस नहीं करतीं। इतना ही नहीं ज्यादातर दर्शक उन्हें संभोग डॉल के रूप में देखते हैं।

4. पेमेंट की दिक्कत
कुछ समय पहले राजस्थान रॉयल्स की एक चीयर लीडर ने खुलासा किया था कि उन्हें समय पर उनकी फीस नहीं मिलती। साथ ही उन्हें सफर के दौरान महत्वपूर्ण चीजें भी नहीं मिलती हैं।

5. विदेशी चीयरलीडर
अक्सर आपने मैदान पर विदेशी चीयरलीडर्स को ही देखा होगा। इस बात का खुलासा कई बार चीयरलीडर्स कर चुकी हैं कि गोरे रंग की लड़कियों को ही बतौर चीयरलीडर लिया जाता है। जिसकी वजह से कई भारतीय लड़कियों को यहां कार्य करने का मौका ही नहीं मिलता।