मारुति बलेनो पर भारी पड़ सकता है टोयोटा ग्लैंजा का यह शानदार फीचर

मारुति बलेनो पर भारी पड़ सकता है  टोयोटा ग्लैंजा का यह शानदार फीचर

टोयोटा व सुजुकी की पार्टनरशिप की पहली कार Toyota Glanza हिंदुस्तान में लॉन्च हो गई है. एक्सटीरियर में हल्के कॉस्मेटिक परिवर्तन व इंटीरियर में कुछ अलग विशेषता के अतिरिक्त यह प्रीमियम कार पूरी तरह मारुति बलेनो जैसी ही है. मगर इस कार में एक ऐसी खूबी है, जो मारुति बलेनो पर भारी पड़ सकती है व वह खूबी है कम दाम. जी हां, बलेनो की स्थान अब टोयोटा ग्लैंजा देश की सबसे सस्ती माइल्ड-हाइब्रिड कार बन गई है.



टोयोटा ग्लैंजा के G वेरियंट में सुजुकी का 1.2-लीटर K12N स्मार्ट-हाइब्रिड इंजन दिया गया है. इसकी एक्स शोरूम मूल्य 7.22 लाख रुपये है. वहीं, स्मार्ट-हाइब्रिड इंजन वाली बलेनो (डेल्टा वेरियंट) की शुरुआती मूल्य 7.25 लाख रुपये है. ग्लैंजा से पहले बलेनो का यह मॉडल देश की सबसे सस्ती माइल्ड-हाइब्रिड कार थी, लेकिन अब यह खिताब इससे 3 हजार रुपये कम मूल्य में उपलब्ध ग्लैंजा के पास है.

हालांकि, टोयोटा ग्लैंजा का G वेरियंट बलेनो के स्मार्ट-हाइब्रिड वाले जेटा वेरियंट पर आधारित है, जिसकी मूल्य 7.87 लाख रुपये है. अगर वेरियंट के आधार पर देखा जाए, तो इस मुद्देमें ग्लैंजा बलेनो से 65 हजार रुपये सस्ती है. ग्लैंजा के जी व बलेनो के जेटा वेरियंट में एलईडी हेडलाइट्स, अलॉय वील्ज, कीलेस गो, ऑटो-डिमिंग मिरर्स व ऐंड्रॉयड ऑटो और ऐपल कारप्ले के साथ 7-इंच का टचस्क्रीन इन्फोटेनमेंट सिस्टम जैसे विशेषता हैं.


पावर व माइलेज
टोयोटा ग्लैंजा में दिया गया 1.2-लीटर K12N माइल्ड-हाइब्रिड इंजन 89 bhp का क्षमता व 113 Nm टॉर्क जनरेट करता है. इस इंजन के हर सिलेंडर में ड्यूल इंजेक्टर हैं. साथ ही यह इंटीग्रेटेड स्टार्टर मोटर से लैस है, जो अक्सेलरेशन के दौरान थोड़ी मदद (माइल्ड असिस्ट) करता है. यह माइल्ड-हाइब्रिड इंजन ग्लैंजा के सिर्फ G वेरियंट में मैन्युअल गियरबॉक्स के साथ उपलब्ध है. इसका माइलेज 23.87 किलोमीटर प्रति लीटर है.

दूसरे इंजन का भी ऑप्शन
बता दें कि इसके अतिरिक्त ग्लैंजा बिना माइल्ड-हाइब्रिड वाले 1.2-लीटर के-सीरीज पेट्रोल इंजन के साथ भी उपलब्ध है. यह इंजन 82 bhp का क्षमता व 113 Nm टॉर्क जनरेट करता है. यह इंजन G वेरियंट ऑटोमैटिक गियरबॉक्स व V वेरियंट के दोनों गियरबॉक्स ऑप्शन में उपलब्ध है. इसका माइलेज मैन्युअल गियरबॉक्स के साथ 21.01 किलोमीटर प्रति लीटर व ऑटोमैटिक गियरबॉक्स के साथ 19.56 किलोमीटर प्रति लीटर है. ग्लैंजा में डीजल इंजन का ऑप्शन नहीं है.

  • टोयोटा ने अपनी प्रीमियम हैचबैक ग्लैंजा को भारतीय मार्केट में उतार दिया है. यह टोयोटा व सुजुकी की पार्टनरशिप की पहली कार है व मारुति बलेनो पर आधारित है.ग्लैंजा की शुरुआती एक्स शोरूम मूल्य 7.22 लाख रुपये है. आइए आपको बताते हैं कि टोयोटा ग्लैंजा व मारुति बलेनो में क्या अंतर है

  • ग्लैंजा की डिजाइन पूरी तरह बलेनो जैसी है. यहां तक कि दोनों की साइज व बूट स्पेस में भी कोई परिवर्तन नहीं है. बलेनो से अलग लुक देने के लिए ग्लैंजा में कुछ कॉस्मेटिक परिवर्तन किए गए हैं. इन बदलावों में टोयोटा के बैज के साथ फ्रंट में 2-स्लॉट 3D सराउंड क्रोम ग्रिल है. इसके अतिरिक्त कार के वील्ज व टेलगेट पर दिए गए टोयोटा के बैज इसे मारुति की बलेनो से अलग बनाते हैं.

  • ग्लैंजा दो वेरियंट- V व G में उपलब्ध है, जो बलेनो के टॉप वेरियंट्स जेटा व अल्फा पर आधारित हैं. ग्लैंजा के G वेरियंट-मैन्युअल ट्रांसमिशन में माइल्ड हाइब्रिड इंजन है, जिसकी मूल्य 7.22 लाख रुपये है. वहीं, इसके बराबर वाले बेलेनो जेटा के माइल्ड हाइब्रिड इंजन वाले वेरियंट की मूल्य 7.87 लाख रुपये है. यानी हाइब्रिड इंजन वाले वेरियंट की तुलना में ग्लैंजा मारुति की बलेनो से 65 हजार रुपये सस्ती है. इसके अतिरिक्त ग्लैंजा के तीनों अन्य वेरियंट G ऑटोमैटिक व V मैन्युअल और ऑटोमैटिक वेरियंट की मूल्य बलेनो के जेटा ऑटोमैटिक (8.30 लाख) व अल्फा मैन्युअल (7.58 लाख) और ऑटोमैटिक वेरियंट (8.90 लाख) के बराबर ही हैं.

  • टायोटा ग्लैंजा का इंटीरियर भी मारुति बलेनो जैसा ही है. हालांकि, टोयोटा ने मारुति सुजकी के स्मार्टप्ले इन्फोटेनमेंट सिस्टम की रीब्रैंडिंग करके इसे 'स्मार्ट प्लेकास्ट' नाम दिया है. इस इन्फोटेनमेंट सिस्टम में ऐंड्रॉयड ऑटो, ऐपल कारप्ले व वॉयस कमांड की सुविधा उपलब्ध है. बलेनो के सुजुकी कनेक्ट ऐप से जियो फेंसिंग, वीइकल ट्रैकिंग, माइलेज, ट्रिप डीटेल, ड्राइवर बिहेवियर एनालिसिस व लाइव वीइकल अलर्ट जैसे रियर टाइम डेटा मिलते हैं. वहीं, टोयोटा कनेक्ट ऐप से नेविगेशन, डीलर लोकेटर वलोकेशन आधारित रोडसाइड असिस्टेंस जैसी सीमित जानकारी मिलती है. इसके अतिरिक्त कम्फर्ट व सेफ्टी विशेषता की बात करें, तो ग्लैंजा के वी व जी वेरियंट में वही विशेषता उपलब्ध हैं, जो बलेनो के जेटा व अल्फा वेरियंट में हैं.
    (फोटो: ऊपर बलेनो व नीचे ग्लैंजा का इंटीरियर)

  • एक-दूसरे ही हमशक्ल यानी बलेनो व ग्लैंजा में सबसे बड़ा अंतर वॉरंटी का है. ग्राहकों को अट्रैक्ट करने के लिए टोयोटा ने ग्लैंजा के साथ 3 साल/1 लाख किलोमीटर की वॉरंटी दी है. वहीं, मारुति बलेनो के साथ 2 साल/40 हजार किलोमीटर की वॉरंटी मिलती है.