जम्मू-कश्मीर: ईद की नमाज के बाद कुछ जगहों पर प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प

जम्मू-कश्मीर: ईद की नमाज के बाद कुछ जगहों पर प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प

जम्मू-कश्मीर के घाटी वाले इलाके में बुधवार को ईद की नमाज के बाद कुछ जगहों पर प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प की खबरें हैं. अधिकारियों ने बताया कि इन झड़पों में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है.

राज्य में ईद का त्योहार बड़े उत्साह से मनाया जाता है. सुबह से ही लोग मस्जिदों और दरगाहों पर जाते हैं, नमाज पढ़ते हैं और जकात करते हैं. अधिकारियों ने बताया कि ईद की नमाज के बाद पुराने शहर के कुछ हिस्सों में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच झड़प हो गई. उत्तरी कश्मीर के सोपोर और दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग से भी झड़प की सूचना है.

सूचनाओं के अनुसार, शहर के नौहट्टा में नकाबपोश प्रदर्शनकारियों ने जैश-ए-मोहम्मद प्रमुख मसूद अजहर और मारे गए आतंकवादी जाकिर मूसा के समर्थन में बैनर पकड़े हुए थे. हालांकि पुलिस अधिकारियों ने बताया कि वे इन खबरों की पुष्टि कर रहे हैं. उन्होंने बताया कि सुरक्षा बलों ने कानून-व्यवस्था की स्थिति से निपटने में बहुत धैर्य और नियंत्रण दिखाया. उन्होंने बताया कि घाटी में अन्य जगहों पर हालात शांतिपूर्ण रहे.

उधर, जम्‍मू और कश्‍मीर के पुलवामा में आतंकियों ने ईद का त्‍यौहार मना रहे एक परिवार की खुशियों को मातम में बदल दिया. दरअसल, बुधवार सुबह आतंकियों ने पुलवामा के नरबल गांव के एक घर में आतंकियों ने धावा बोल दिया. घर में घुसे आतंकियों ने घर में मौजूद लोगों पर ताबड़तोड़ गोलियों की बरसात कर दी. जिसमें मौके पर ही एक लड़की की मौत हो गई. आतंकियों की गोलीबारी में गांव का एक अन्‍य नागरिक की गोलियों का शिकार हुआ है. जिसे इलाज के लिए पुलवामा के एक अस्‍पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है.

सूत्रों के अनुसार, यह वाकया बुधवार सुबह का है. नरबल गांव स्थिति इस घर में ईद के त्‍यौहार की तैयारी चल रही थी. इसी बीच, आतंकी जबरन इस घर में दाखिल हुए. कोई कुछ समझ पाता इससे पहले आतंकियों ने गोलियों की बौछार कर दी. आतंकियों के बंदूक से निकली गोलियों ने नगीना बानो नामक एक लड़की को अपना निशाना बनाया. वहीं, गांव में दहशत फैलाने के लिए आतंकी गोलियां चलाते हुए मौके से फरार हो गए. इस गोलीबारी में गांव का एक अन्‍य शख्‍स भी आतंकियों के कहर का शिकार हो गया. इस शख्‍स की पहचान मोहम्‍मद जलाउद्दीन के रूप में हुई है.