महाराष्ट्र में राजनितिक उठापठक में तेजी

महाराष्ट्र में राजनितिक उठापठक में तेजी

मुंबई शिवसेना के वरिष्ठ नेता एकनाथ शिंदे (Eknath Shinde) के विद्रोह के बाद महाराष्ट्र (Maharashtra) में राजनितिक उठापठक तेज हो गई है. इस बीच देशभक्त कांग्रेस (राकांपा) के प्रमुख शरद पवार (Sharad Pawar) ने गुरुवार को बोला कि जब बागी विधायक असम के गुवाहाटी से मुंबई वापस आएंगे तो स्थिति बदल जाएगी. उन्होंने दावा किया है कि उद्धव ठाकरे गवर्नमेंट के आस बहुमत है और इसका निर्णय विधानसभा में होगा. पवार ने यह भी बोला कि बागी विधायकों (Rebel MLAs) को मूल्य चुकानी होगी.

पवार ने नाम लिए बगैर बीजेपी पर हमला बोलते हुए कहा, “सब जानते हैं कि कैसे शिवसेना के बागी विधायकों को गुजरात और फिर असम ले जाया गया. हमें उनकी सहायता करने वालों का नाम लेने की आवश्यकता नहीं है…असम गवर्नमेंट उनकी सहायता कर रही है. मुझे आगे किसी का नाम लेने की आवश्यकता नहीं है.

उन्होंने बोला कि, “महाविकास अघाड़ी (MVA) ने सीएम उद्धव ठाकरे को समर्थन देने का निर्णय किया है. मेरा मानना है कि एक बार (शिवसेना) विधायक मुंबई लौट आएंगे तो स्थिति बदल जाएगी.

पवार ने कहा, “हमने कई बार महाराष्ट्र में ऐसे हालात देखे हैं. मैं अपने अनुभव से कह सकता हूं कि हम इस संकट को हरा देंगे और उद्धव ठाकरे के नेतृत्व में गवर्नमेंट सुचारू रूप से चलेगी.

एनसीपी प्रमुख ने आगे बोला कि, “महाराष्ट्र गवर्नमेंट अल्पमत में है या नहीं विधानसभा में स्थापित होना है. जब प्रक्रियाओं का पालन किया जाएगा तो यह साबित हो जाएगा कि यह गवर्नमेंट बहुमत में है.


आरे मैट्रो कार शेड के खिलाफ फिर शुरू हुआ प्रदर्शन

आरे मैट्रो कार शेड के खिलाफ फिर शुरू हुआ प्रदर्शन

महाराष्ट्र में जैसे ही भाजपा और शिवसेना बागी एकनाथ शिंदे ( Eknath Shinde) गुट के गठबंधन गवर्नमेंट बनी वैसे ही नयी गवर्नमेंट तुरंत एक्शन मूड में आती दिखाई दी. महाराष्ट्र की नयी गवर्नमेंट ने आरे कालोनी (Aarey Colony Jungle) क्षेत्र में अधर में लटके मैट्रो कार शेड-3 के काम को तुरंत प्रारम्भ करने की बात कही थी. लेकिन उनके आरे कार शेड निर्माण का रास्ता इतना आसान होता नही दिखाई दे रहा है. क्योंकि एकबार फिर गोरेगांव के आरे में मेट्रो कार शेड (Metro Car Shed) के विरूद्ध बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन प्रारम्भ हो गया है. बड़ी संख्या में पर्यावरण प्रेमी इस मेट्रो कार शेड को रुकवाने के लिए आरे के परिसर में धरना दे रहें हैं. सैंकड़ो की भीड़ गवर्नमेंट के विरूद्ध नारे लगा कर मैट्रो कार शेड निर्माण रोकने की मांग कर रहें हैं.

आपको बता दें कि, पिछली भाजपा की गवर्नमेंट में जब आरे में कार शेड बनने का आरंभ हुआ था, तब इसी तरह प्रदर्शन हुआ हुआ था, जो धीरे-धीरे उग्र रूप ले लिया था. लेकिन जब फिर महा विकास अघाड़ी की गवर्नमेंट बनी तो इस पर रोक लगाकर कर इस कार शेड को कन्जुर्माग में इस्टर्न हाइवे के पास ले जाकर ईगल कंस्ट्रक्शन नामक कंपनी को शेड बनाने का ठेका दिया गया था

जिस पर भाजपा ने विरोध प्रकट किया था और जमीन के टकराव को लेकर उच्च न्यायालय ने कंजुर्मार्ग कार शेड निर्माण पर स्टे दे दिया था. ऐसे में जब एक बार फिर जैसे ही एकनाथ शिंदे गुट के साथ भाजपा की गवर्नमेंट बनी तो, नवगठित महाराष्ट्र गवर्नमेंट ने महाधिवक्ता को निर्देश दिया कि,  मेट्रो कार शेड मुंबई की आरे कॉलोनी में ही बनाया जाए. जिस पर तुरंत कामकाज की आरंभ की जाए.

विदित है कि, आरे में फिर जागृत हुए आंदोलनकारियों में कई प्रकृति प्रेमी संस्था भी सम्मलित हैं. इस धरने में नो ट्री नो आक्सीजन जैसे बैनर के साथ सैकड़ो की संख्या में लोग मौजूद हैं. इसके अतिरिक्त आपको बता दें कि पूर्व मंत्री आदित्य ठाकरे ने भी नए गवर्नमेंट के विरूद्ध अपना विरोध दर्ज कराया था. पूर्व महाराष्ट्र मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने इसे बदले की राजनीति बताया था. वहीं भाजपा शिंदे गठबंधन की नयी गवर्नमेंट ने विकास के गति बढ़ाने की पैरवी करते हुए सभी मैट्रो योजनओं को जल्द पूर्ण करने की बात कही है