कोरोना काल में अपने नवजात शिशु की देखभाल के लिए अपनाए ये तरीका

कोरोना काल में अपने नवजात शिशु की देखभाल के लिए अपनाए ये तरीका

कोरोना महामारी (COVID-19 pandemic) की वजह से हर कोई परेशान हैं। लेकिन इस कठिन वक्त में भी कई जिंदगियां खिलखिला रही हैं। कोरोना काल (Coronavirus Outbreak) में कई महिलाएं प्रेग्नेंट हैं। इस दौरान उनका खानपान बहुत ज्यादा बेहतर है- स्वास्थ्य वर्धक शिशु के लिए माओं ने पहले से पोषण युक्त आहार लिया है, भरपूर विटामिन्स लिए हैं व चिकित्सक की उचित सलाह भी। लेकिन अब आपका शिशु जन्म लेने वाला है या उसमें कुछ समय बाकी है, ऐसे में कोरोना महामारी के समय में आप अपने शिशु को स्वस्थ कैसे रख सकती हैं ? आज हम आपको मायोक्लिनिक के हवाले से बताएंगे



- अपने घर आए नए अतिथि (शिशु) को कोविड 19 से बचाने के लिए सबसे बेहतर उपाय है सोशल डिस्टेंसिंग। अगर आप अपने शिशु को सभी को दिखाने या सबसे मिलाने के लिए उत्साहित हैं तो इसके लिए आप सोशल मीडिया एप जैसे कि स्काइप, व्हट्सएप वीडियो कॉल, फेसबुक वीडियो कॉल, फेसटाइम या ज़ूम का सहारा ले सकते हैं। जो लोग आपके घर में पहले से उपस्थित हैं उन्हें अच्छे से हाथ धोने व साफ सफाई के बाद ही शिशु को छूने दें।

- अगर आपके घर में ही किसी में कोविड 19 के लक्षण नजर आ रहे हैं तो उसे बच्चे व परिवार से थोड़ा दूर रखें। आप उसे क्वारंटाइन भी कर सकते हैं। बच्चे को बाहर ले जाने से परहेज करें ताकि वो किसी भी तरह से वायरस के सम्पर्क में ना आए। ग्रोसरी या बाकी चीजों की शॉपिंग औनलाइन करें। - नवजात शिशु के लिए मां का स्तनपान करना बहुत ज्यादा महत्वपूर्ण होता है। हालांकि, कोरोना वायरस श्वसन बूंदों (respiratory droplets) के जरिए फैलता है जो स्तनपान के दौरान एक मां से उसके बच्चे में सरलता से प्रेषित होने कि सम्भावना है। जिन माओं में COVID-19 के लक्षण कन्फर्म हैं, जो COVID-19 संदिग्ध हैं या जिनके COVID-19 टेस्ट के नतीजे आने वाले हैं, उन्हें बच्चे को स्तनपान कराते वक्त इस बात का विशेष ख्याल रखना चाहिए कि यह श्वसन बूंदों (respiratory droplets) के जरिए शिशु में ना फैले। ऐसे में बच्चे को छूने से पहले हाथ धोना व स्तनपान करते समय फेस मास्क पहनना जैसे एहतियात शामिल हैं। अगर मां शिशु को स्तनपान करा रही हैं या हाथ से दूध निकाल रही है, तो उसे किसी भी बोतल या पंप के हिस्सों को छूने से पहले अपने हाथों को धोना चाहिए। अगर मां पूरी तरह स्वस्थ है तो वह शिशु को स्तनपान करा सकती है।