अमेरिका से तनाव के बीच किम जोंग का ऐलान, उत्तर कोरिया की सेना को बनाएंगे अजेय

अमेरिका से तनाव के बीच किम जोंग का ऐलान, उत्तर कोरिया की सेना को बनाएंगे अजेय

उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन ने अमेरिका पर परमाणु हमले करने के लिए विकसित शक्तिशाली मिसाइलों की समीक्षा की। इस दौरान किम ने अमेरिका का सामना करने के लिए एक अजेय सेना बनाने ऐलान किया है। किम ने हथियार प्रणालियों की एक दुर्लभ प्रदर्शनी में इस बात पर जोर देते हुए कहा कि उनकी सेना दक्षिण कोरिया पर हमले के लिए नहीं है।

आधिकारिक कोरियन सेंट्रल न्यूज एजेंसी के अनुसार, किम ने सोमवार को कहा कि अमेरिका ने अक्सर इस बात का जिक्र किया है कि वह हमारा दुश्मन नहीं है, लेकिन हमें यह विश्वास दिलाने के लिए उसने अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की है। किम ने कहा कि अमेरिका अपने गलत फैसलों और कार्यों से क्षेत्र में तनाव पैदा करना जारी रखे हुए है।

संयुक्त राज्य अमेरिका को कोरियाई प्रायद्वीप पर अस्थिरता का स्रोत बताते हुए किम ने कहा कि हमारा सबसे महत्वपूर्ण उद्देश्य अजेय सैन्य क्षमता विकसित करना है जिसे कोई भी हमें चुनौती देने की हिम्मत न कर सके। सियोल के अधिकारियों के अनुसार, रविवार को सत्तारूढ़ वर्कर्स पार्टी के 76वें स्थापना दिवस को चिह्नित करने के लिए प्रदर्शनी का आयोजन किया गया था। 2011 के अंत में किम के सत्ता में आने के बाद से यह अपनी तरह की पहली प्रदर्शनी थी।


विशेषज्ञों का कहना है कि प्रदर्शनी में नए विकसित हथियारों की एक श्रृंखला दिखाई गई, जिसमें अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइलें शामिल हैं, जिन्हें उत्तर कोरिया ने हाल के वर्षों में सैन्य परेड के दौरान पहले ही प्रदर्शित किया है। दक्षिण कोरिया के हन्नम विश्वविद्यालय के सैन्य विशेषज्ञ यांग वूक का कहना है कि मूल रूप से, उत्तर कोरिया यह संदेश देना चाहता है कि हम नए हथियार विकसित करना जारी रखेंगे और खुद को परमाणु शक्ति से लैस करेंगे।


सियोल के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि दक्षिण कोरियाई और अमेरिकी खुफिया अधिकारी उत्तर कोरियाई हथियारों का विश्लेषण कर रहे हैं। हाल के हफ्तों में उत्तर कोरिया ने छह महीने के अंतराल के बाद अपने मिसाइल परीक्षण फिर से शुरू किए है और दक्षिण कोरिया के साथ सशर्त बातचीत की पेशकश की है।

अपने प्रदर्शनी भाषण के दौरान किम ने कहा, 'मैं एक बार फिर कहता हूं कि दक्षिण कोरिया वह नहीं है जिससे हमारे सैन्य बलों को लड़ना है। निश्चित रूप से हम दक्षिण कोरिया की वजह से अपनी रक्षा क्षमता को मजबूत नहीं कर रहे हैं। हमें एक-दूसरे के खिलाफ बल प्रयोग करने का भयानक इतिहास नहीं दोहराना चाहिए।


इमरान खान को लगा बड़ा झटका, नवाज शरीफ की पार्टी में शामिल हुए पीटीआइ के वरिष्ठ नेता

इमरान खान को लगा बड़ा झटका, नवाज शरीफ की पार्टी में शामिल हुए पीटीआइ के वरिष्ठ नेता

देश में बढ़ती महंगाई को लेकर विपक्ष की आलोचना झेल रहे पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान को एक और झटका लगा है। इमरान खान के नेतृत्व वाली पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआइ) के वरिष्ठ नेता कादिर बख्श कलमती ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। स्थानीय मीडिया के अनुसार, कादिर पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) में शामिल हो गए हैं।

एआरवाइ न्यूज ने बताया कि कादिर ने हाल ही में पीटीआइ से मलिर जिला अध्यक्ष के पद से इस्तीफा दे दिया और शनिवार को कराची के मलिर जिले में आयोजित एक जनसभा के दौरान पीएमएल-एन में शामिल हो गए। पार्टी के महासचिव अहसान इकबाल, पीएमएल-एन सिंध के महासचिव मिफ्ता इस्माइल, एमएनए खेल दास खोइस्तानी और पार्टी के अन्य नेताओं ने जनसभा में भाग लिया और रैली को संबोधित किया।


पीटीआइ से हाल ही में इस्तीफा देने वाले अध्यक्ष कादिर बख्श कलमती, वरिष्ठ नेता इनायत खट्टक और तारिक बलूच और अन्य पदाधिकारियों ने हलीम आदिल शेख पर पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी के उम्मीदवार की जीत सुनिश्चित करने के लिए जानबूझकर पीएस-88 में एक कमजोर उम्मीदवार को मैदान में उतारने का आरोप लगाया था। पीएम-88 उपचुनाव में पीपीपी उम्मीदवार यूसुफ बलोच ने 24,000 से अधिक मतों से जीत हासिल की थी। इसमें पीटीआइ उम्मीदवार जंशेर जुनेजो और मुत्ताहिदा कौमी मूवमेंट-पाकिस्तान के उम्मीदवार साजिद अहमद को क्रमशः 4,870 और 2,634 वोट मिले थे।

इस कार्यक्रम में बोलते हुए पूर्व संघीय मंत्री अहसान इकबाल ने कहा, 'एमएलएन सुप्रीमो नवाज शरीफ का 'वोट को सम्मान दें' अभियान देश का सबसे लोकप्रिय नारा बन गया है और सभी चार प्रांतों में ये नारा गूंज रहा है। उन्होंने कहा कि अगर किसी समाज में व्यक्तियों की गरिमा को बहाल करना है तो वहां वोट का सम्मान किया जाना चाहिए। इससे पहले, पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ लरकाना अध्याय के नेता चंगेज अब्रो ने भी पार्टी से इस्तीफा देकर पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) में शामिल हो गए थे।