यूरिन इन्फेक्शन से हैं परेशान तो, अपनाएं शाकाहारी भोजन

यूरिन इन्फेक्शन से हैं परेशान तो, अपनाएं शाकाहारी भोजन

यूरिन इन्फेक्शन यानी पेशाब संबंधी बीमारी आम समस्या है. आयु के साथ यह समस्या बढ़ती जाती है. वहीं स्त्रियों को इससे ज्यादा जुझना पड़ता है. अब इस समस्या से जुड़ा एक रोचक अध्ययन सामने आया है. इसके मुताबिक, जो लोग शाकाहारी भोजन करते हैं, उनमें यूरिन इन्फेक्शन की संभावना कम होती है. यूरिन संबंधी बीमारियों को डॉक्टरों की भाषा में यूटीआई यानी यूरिनरी ट्रेक्ट इन्फेक्शन्स बोला जाता है. यूटीआई आमतौर पर ई। कोलाई जैसे आंत बैक्टीरिया के कारण होता है, जो मूत्रमार्ग में प्रवेश करते हैं. ये न केवल मूत्राशय, बल्कि गुर्दे को भी प्रभावित करते हैं. ताइवान में बौद्ध टीजू ची मेडिकल फाउंडेशन का यह अध्ययन 'जर्नल साइंटिफिक रिपोर्ट' मेडिकल जर्नल में प्रकाशित हुआ है. शोधकर्ताओं ने पाया कि मांसाहारियों की तुलना में शाकाहारियों में यूटीआई का जोखिम 16 फीसदी कम था. यही नहीं, स्त्रियों की तुलना में पुरुषों में यह लाभ अधिक देखा गया.

पोल्ट्री व सूअर के मांस को ई। कोलाई का स्रोत माना गया है तथा इसी ई। कोलाई के कारण यूरिन का इन्फेक्शन होता है. शाकाहारी लोग इन खाद्य पदार्थों से दूर रहते हैं, इसलिए ई। कोलाई से भी बचे रहते हैं.

www.myupchar.com  से जुड़ीं एम्स की डाक्टर वीके राजलक्ष्मी के अनुसार, बच्चों की तुलना में वयस्कों में यह बीमारी अधिक होती है. वहीं पुरुषों की तुलना में स्त्रियों व लड़कियों में इसकी संभावना अधिक रहती है. हालांकि, इसके पीछे का कोई स्पष्ट कारण नहीं है, लेकिन अंगों की बनावट को इसका कारण माना जा सकता है. 

इस बीमारी के कुछ बहुत सामान्य लक्षण हैं, जिन्हें समय रहते पहचान लिया जाए व उपचार लिया जाए तो बड़ी कठिनाई से बचा जा सकता है. बार-बार पेशाब आना, पेशाब करते समय जलन होना, पेशाब में खून आना, पेशाब करते समय पेट के निचले हिस्से में जलन होना इसके सामान्य लक्षण हैं.

युरिन इन्फेक्शन के कई कारण हो सकते हैं जैसे- असुरक्षित यौन संबंध, अस्वच्छ रहने की आदत, पथरी, गर्भावस्था, एंटीबायोटिक दवाओं का अत्यधिक प्रयोग, मूत्राशय को पूरी तरह खाली न कर पाना आदि. साथ ही डायबिटीज, मोटापा, गर्भावस्था, आनुवंशिकता भी युरिन इंफेक्शन का कारण बन सकते हैं. पुरुषों में डायबिटीज या प्रोस्टेट के बढ़ने के कारण युरिन इन्फेक्शन होता है.

डॉक्टरों के मुताबिक, गुप्तांग शरीर का संवेदनशील भाग होते हैं. साथ ही इनमें बाहरी संक्रमण का खतरा भी अधिक होता है. यदि यूरिन पास होने वाली ट्यूब यानी यूरेथरा की ठीक ढंग से सफाई ना की जाए तो संक्रमण फैलने खतरा बढ़ जाता है. कई मामलों में यह संक्रमण ब्लैडर तक पहुंच सकता है. ब्लैडर में सूजन जैसी समस्या भी देखने को मिलती है. सलाह दी जाती है कि बाथटब के बजाय शॉवर या बाल्टी से नहाएं. बाथटब के कारण यह इन्फेक्शन फैल सकता है. यौन संबंध से पहले व बाद में साफ सफाई का ध्यान रखें. जिन लोगों में पथरी की शिकायत रहती है या किसी कारण से मू्त्र मार्ग की सर्जरी हुई है, उन्हें विशेष रूप से सावधान रहना चाहिए. यदि समस्या लंबे समय से बनी हुई है व अपने-आप अच्छा नहीं हो रही है तो चिकित्सक को दिखाएं.