सबसे कम मूल्य में मिल रहा है Vivo का नया स्मार्टफोन

सबसे कम मूल्य में मिल रहा है Vivo का नया स्मार्टफोन

Vivo Y15c चुपचाप इण्डिया में पेश किया जा चुका है नयी Y-सीरीज डिवाइस Y15s के उपरांत दूसरी पेशकश है जो इस साल फरवरी में शुरूहो गई थी Vivo Y15c एक बजट Smart Phone है और यह Y15s के समान फीचर्स के साथ दिया जा रहा है Vivo Y15c में 6.51-इंच का डिस्प्ले, 5,000mAh की दमदार बैटरी और 13MP का कैमरा भी मिल रहा है फोन के मूल्य का खुलासा अब तक नहीं हो पाया है, लेकिन इसका मूल्य 15 हजार रुपये से कम हो जाता है तो चलिए जानते हैं Vivo Y15c के धुआंधार फीचर्स

Vivo Y15c स्पेसिफिकेशन्स: Vivo Y15c में 6.51 इंच का LCD डिस्प्ले है जिसमें HD+ रिजॉल्यूशन और वाटरड्रॉप नॉच है डिवाइस एक ग्रेडिएंट बैक पैनल  के साथ मिल रहा है इसमें वर्टिकल स्ट्राइप्स होता है जिसमे एक चौकोर आकार का कैमरा मॉड्यूल भी है इसमें 13MP का मुख्य सेंसर और 2MP का सेकेंडरी लेंस भी दिया जा रहा है 8MP का फ्रंट-फेसिंग सेल्फी स्नैपर है फोन विभिन्न फोटोग्राफी से संबंधित सुविधाओं के साथ मिल रहा है

Vivo Y15c कैमरा & बैटरी: आंतरिक रूप से, Vivo Y15c मीडियाटेक हीलियो पी35 प्रोसेसर के साथ दिया जा रहा है इसे 3GB रैम के साथ जोड़ा गया है और 32GB या 64GB स्टोरेज विकल्पों में लॉन्च कर दिया गया है अतिरिक्त स्टोरेज के लिए एक समर्पित माइक्रोएसडी कार्ड स्लॉट है Smart Phone 5,000mAh की बैटरी यूनिट से 10W चार्जिंग स्पीड के लिए अपनी शक्ति को खींच रहा है सॉफ्टवेयर के लिहाज से यह डिवाइस आउट ऑफ द बॉक्स एंड्रॉयड 12 पर आधारित फनटच ओएस 12 पर चल रहा है

Vivo Y15c अन्य फीचर्स: Vivo Y15c पावर बटन में लगे साइड-माउंटेड फिंगरप्रिंट स्कैनर के साथ दिया जा रहा है Smart Phone में कनेक्टिविटी विकल्पों में एक माइक्रो USB पोर्ट, डुअल 4जी वीओएलटीई, GPS, 3.5 मिमी हेडफोन जैक, वाईफाई और ब्लूटूथ 5.2 भी दिया जा रहा है Vivo ने अभी तक लेटेस्ट Y15c Smart Phone का मूल्य और उपलब्धता का एलान अब तक नहीं किया है Smart Phone मिस्टिक ब्लू और वेव ग्रीन रंगों में मौजूद है


मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई के नेतृत्व वाली टीम ने

मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई के नेतृत्व वाली टीम ने

कर्नाटक गवर्नमेंट ने बुधवार को बोला कि दावोस में विश्व आर्थिक मंच की बैठक “बहुत उपयोगी” साबित हुई है, क्योंकि सीएम बसवराज बोम्मई के नेतृत्व वाली टीम ने 52,000 करोड़ रुपये के कुल निवेश प्रवाह के लिए दो प्रमुख कंपनियों के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं. सीएम कार्यालय ने एक बयान में बोला कि यह कर्नाटक की प्रमुख कंपनियों के मजबूत विश्वास और भरोसे का सबूत है और यह हाल के दिनों में राज्य द्वारा दर्ज किया गया सबसे बड़ा निवेश प्रस्ताव है. इन कंपनियों से अपेक्षित निवेश से हजारों लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा होंगे.

उद्योग मंत्री मुरुगेश निरानी और आईटी, बीटी मंत्री सी नश्वथ नारायण के सक्षम योगदान से राज्य गवर्नमेंट बोम्मई के नेतृत्व में निवेशकों को बड़े पैमाने पर लुभाने में सफल रही है.

डब्ल्यूईएफ की बैठक में आज बोम्मई का तीसरा दिन था, इस दौरान उन्होंने पूरे विश्व के कई व्यापारिक नेताओं के साथ वार्ता की.

रिन्यू पावर, अक्षय ऊर्जा क्षेत्र में एक प्रमुख नाम, ने 50,000 करोड़ रुपये के निवेश के लिए राज्य गवर्नमेंट के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं.

यह देखते हुए कि कंपनी अगले 7 सालों में दो चरणों में नवीकरणीय ऊर्जा, बैटरी भंडारण और ग्रीन हाइड्रोजन में उत्पादन इकाइयां स्थापित करने का इरादा रखती है, विज्ञप्ति में बोला गया है, पहले चरण में राज्य में चल रही परियोजनाओं पर 11,900 करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा और वे अगले 2 सालों में चालू हो जाएंगे.

दूसरे चरण में कंपनी अगले 5 सालों में अक्षय ऊर्जा और हरित हाइड्रोजन इकाइयों की स्थापना के लिए 37,500 करोड़ रुपये का निवेश करने की योजना बना रही है, यह कहते हुए कि दो चरणों में फैली परियोजनाओं से लगभग 30,000 लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा होंगे.

सीएम ने इसे कर्नाटक के अक्षय ऊर्जा क्षेत्र में मील का पत्थर बताया है.

साथ ही, लुलु ग्रुप इंटरनेशनल कर्नाटक में 2,000 करोड़ रुपये के निवेश के लिए आगे आया है.

कंपनी 4 शॉपिंग मॉल और हाइपर बाजार खोलने का इरादा रखती है, और राज्य में निर्यात उन्मुख खाद्य प्रसंस्करण इकाइयां स्थापित करने की भी इच्छुक है. विज्ञप्ति में बोला गया है कि परियोजनाओं से 10,000 लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा होने की आशा है.

कर्नाटक को सबसे सुन्दर निवेश गंतव्य बनाने के अपने कोशिश के हिस्से के रूप में राज्य की दो नयी नीतियों – नयी आर एंड डी नीति और नयी रोजगार नीति पर प्रकाश डालते हुए, बोम्मई ने कॉर्पोरेट सम्मानों को ग्लोबल इन्वेस्टर्स मीट में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया. नवंबर में बेंगलुरु में और बेंगलुरु टेक समिट में आयोजित किया गया.

जिन कंपनियों ने कर्नाटक में निवेश करने के लिए रुचि दिखाई है उनमें सीमेंस शामिल है, जो चुंबकीय इमेजिंग और डायग्नोस्टिक्स पर ध्यान केंद्रित करते हुए बेंगलुरु में दो परियोजनाएं ले रही है और एक स्वास्थ्य संबंधी अनुसंधान एवं विकास परियोजना है.

राज्य गवर्नमेंट ने कंपनी को आधुनिक चिकित्सा उपकरणों के लिए अपनी उत्पादन इकाई स्थापित करने के लिए विशेष प्रोत्साहन का आश्वासन दिया है. तुमकुरु, हुबली-धारवाड़ और मैसूरु शहरों में निवेश आकर्षित करने के लिए ‘बियॉन्ड बेंगलुरु’ परियोजना पर भी चर्चा हुई.

डसॉल्ट सिस्टम्स कर्नाटक में इलेक्ट्रिक वाहनों, आधुनिक उत्पादन प्रणालियों, डिजिटल 4.0 प्रौद्योगिकी में विद्यार्थियों के लिए औद्योगिक प्रशिक्षण और स्मार्ट सिटी परियोजना में निवेश करने का इच्छुक है.

नेस्ले ने नंजनगुड में नेस्ले इंस्टेंट कॉफी इकाई के आधुनिकीकरण और विस्तार में रुचि दिखाई है.

भारती इंटरप्राइजेज के चेयरमैन एवं सीईओ सुनील भारती मित्तल ने राज्य में मेगा डाटा सेंटर स्थापित करने की मंशा जाहिर की है. राज्य गवर्नमेंट ने इसे साकार करने के लिए सभी आवश्यक योगदान का आश्वासन दिया है.

बोम्मई, जिन्होंने नोकिया के प्रमुख से मुलाकात की, ने सुझाव दिया कि दूरसंचार उत्पादों के निर्माण के लिए राज्य में अवसरों का अच्छा उपयोग करें.

नोकिया का बेंगलुरु में अपना सबसे बड़ा अनुसंधान केंद्र है, जिसमें 7,000 से अधिक टेक्नोक्रेट 5G, उन्नत 5G और 6G तकनीकों से संबंधित अनुसंधान में लगे हुए हैं.

उद्योग विभाग में अतिरिक्त मुख्य सचिव ईवी रमना रेड्डी, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव एन मंजूनाथ प्रसाद और उद्योग विभाग में आयुक्त गुंजन कृष्णा मुख्यमंत्री की टीम का हिस्सा थे.

मुख्यमंत्री के रूप में बोम्मई की यह पहली विदेश यात्रा थी. पहले कयास लगाए जा रहे थे कि वह दावोस की यात्रा करेंगे या नहीं.