सुकन्या समृद्धि योजना समेत कई योजनाओं में बढ़ी निवेश की अवधि

सुकन्या समृद्धि योजना समेत कई योजनाओं में बढ़ी निवेश की अवधि

केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड ने छोटी बचत योजनाओं का फायदा उठाने के लिए निवेश अवधि को बढ़ा दिया है. सीबीडीटी ने वित्त साल 2019-20 के दौरान कर में 80C तहत छूट पाने के लिए सुकन्या समृद्धि योजना, PPF, LIC में निवेश की समय सीमा 31 जुलाई 2020 कर दी है.


सीबीडीटी के इस निर्णय के बाद उन सभी लोगों को लाभ होगा जो जिन्हें कर में छूट चाहिए. पोस्ट ऑफिस की छोटी बचत योजनाओं में पीपीएफ, सुकन्या समृद्धि योजना, एनपीएस व एफडी जैसी कई योजनाएं शामिल हैं. इन योजनाओं में निवेश करने पर ना सिर्फ अच्छी रिटर्न मिलती है बल्कि कर में छूट भी मिलती है.  अगर आपमें से कोई इनमें से किसी योजना में निवेश करना चाहता है तो सरलता से कर सकता है, यही नहीं अगर किसी ने अपनी पिछली किस्त नहीं भरी है तो वो भी अब भर सकते हैं. इससे पहले निवेश की आखिरी तारीख 30 जून थी, जिसे बढ़ाकर 31 जुलाई कर दिया गया है. अब आपको निवेश करने के लिए महीना मिल गया है. 

सुकन्या समृद्धि योजना के तहत कोई भी आदमी निवेश कर सकता है. इसमें हर महीने कम से कम 250 रुपये व वर्ष में अधिकतम 1.5 लाख रुपये निवेश करने होते हैं. इसका मतलब यह है कि अगर आपको हर वर्ष अपना खाता चालू रखने के लिए न्यूनतम निवेश बरकरार रखना होगा.

मौजूदा समय में इस स्कीम के तहत 7.6 प्रतिशत का ब्याज मिलता है. इस योजना के तहत माता-पिता अपनी एक या एक से ज्यादा बेटी के लिए खाता खुलवा सकते हैं. खाताधारक 14 वर्ष तक इसमें एक तय राशि निवेश करते हैं व 21 वर्ष बाद इस खाते की अवधि मैच्योर होती है. स्कीम के तहत बेटी की आयु दस वर्ष से कम होनी चाहिए.

सुकन्या समृद्धि योजना के तहत निवेश इनकम टैक्स कानून की धारा 80C के तहत कर छूट का फायदा लिया जा सकता है. अगर बेटी की आयु 18 वर्ष हो जाती है व उसे पढ़ाई या उसकी विवाह के लिए पैसों की आवश्यकता है तो आप जमा राशि की 50 प्रतिशत तक राशि निकाल सकते हैं.